(A) $(i)$ क्सीनन-फ्लोरीन यौगिक: क्सीनन उपयुक्त प्रायोगिक परिस्थितियों में तत्वों की सीधी प्रतिक्रिया द्वारा तीन बाइनरी फ्लोराइड बनाता है: $XeF_{2}$,$XeF_{4}$ और $XeF_{6}$।
$Xe_{(g)} + F_{2_{(g)}} \xrightarrow{673 \ K, \ 1 \ bar} XeF_{2_{(s)}}$ (अधिक)
$Xe_{(g)} + 2F_{2_{(g)}} \xrightarrow{873 \ K, \ 7 \ bar} XeF_{4_{(s)}}$ ($1:5$ अनुपात)
$Xe_{(g)} + 3F_{2_{(g)}} \xrightarrow{573 \ K, \ 60-70 \ bar} XeF_{6_{(s)}}$ ($1:20$ अनुपात)
$XeF_{6}$ को $143 \ K$ पर $XeF_{4}$ और $O_{2}F_{2}$ की परस्पर क्रिया द्वारा भी तैयार किया जा सकता है: $XeF_{4} + O_{2}F_{2} \rightarrow XeF_{6} + O_{2}$।
भौतिक गुण: $XeF_{2}$,$XeF_{4}$ और $XeF_{6}$ रंगहीन क्रिस्टलीय ठोस हैं और $298 \ K$ पर आसानी से उर्ध्वपातित हो जाते हैं। उनकी संरचनाएं क्रमशः रैखिक,वर्गाकार समतलीय और विकृत अष्टफलकीय हैं।
रासायनिक गुण: क्सीनन फ्लोराइड आसानी से जल-अपघटित हो जाते हैं। $2XeF_{2_{(s)}} + 2H_{2}O_{(l)} \rightarrow 2Xe_{(g)} + 4HF_{(aq)} + O_{2_{(g)}}$। वे फ्लोराइड आयन स्वीकर्ता के साथ प्रतिक्रिया करके धनायनिक प्रजातियां बनाते हैं और फ्लोराइड आयन दाता के साथ प्रतिक्रिया करके फ्लोरोएनायन बनाते हैं: $XeF_{2} + PF_{5} \rightarrow [XeF]^{+} [PF_{6}]^{-}$।
$(ii)$ क्सीनन-ऑक्सीजन यौगिक: $XeF_{4}$ और $XeF_{6}$ का पानी के साथ जल-अपघटन करने पर $XeO_{3}$ प्राप्त होता है।
$6XeF_{4} + 12H_{2}O \rightarrow 4Xe + 2XeO_{3} + 24HF + 3O_{2}$
$XeF_{6} + 3H_{2}O \rightarrow XeO_{3} + 6HF$
$XeF_{6}$ का आंशिक जल-अपघटन ऑक्सीफ्लोराइड देता है: $XeF_{6} + H_{2}O \rightarrow XeOF_{4} + 2HF$ और $XeF_{6} + 2H_{2}O \rightarrow XeO_{2}F_{2} + 4HF$।
$XeO_{3}$ एक रंगहीन विस्फोटक ठोस है जिसकी आणविक संरचना पिरामिडल होती है।